आस्था परिवर्तन:दारूल उलूम रहिमिया फुलत मदरसे पर छापा,छानबीन
धर्मांतरण के आरोपों से घिरा फुलत का मदरसा, तीन टीमें करेंगी जांच
Phulat madrasa embroiled in conversion allegations; three teams to investigate.
खतौली के गांव फुलत में अब्दुल रहमान के घर के बाहर ग्रामीणों से जानकारी करती पुलिस।
मुजफ्फरनगर/खतौली। चार जुलाई, 2026 । मुजफ्फरनगर के फुलत स्थित मदरसा दारुल उलूम रहिमिया पर महंत स्वामी यशवीर महाराज ने हजारों हिंदू युवक-युवतियों के आस्था परिवर्तन और करोड़ों रुपये की संपत्ति जुटाने के आरोप लगाए हैं. उन्होंने केंद्रीय एजेंसियों से जांच की मांग की है. वहीं, मुजफ्फरनगर पुलिस ने पुलिस अधीक्षक ग्रामीण के नेतृत्व में LIU, IB और स्थानीय पुलिस की संयुक्त जांच टीम गठित की है. पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो में लगाए गए आरोपों की निष्पक्ष जांच हो रही है और तथ्यों के आधार पर आगे कार्रवाई होगी.
मामला मुजफ्फरनगर जिले के फुलत गांव का है.
उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले के फुलत गांव स्थित मदरसा दारुल उलूम रहिमिया पर योग साधना आश्रम के महंत स्वामी यशवीर जी महाराज द्वारा लगाए गए कथित धर्मांतरण के आरोपों के बाद मामला तूल पकड़ता जा रहा है. आरोपों के सामने आने के बाद मुजफ्फरनगर पुलिस ने मामले की जांच के लिए विशेष टीम का गठन किया है. वहीं स्वामी यशवीर ने राज्य पुलिस की जांच पर भरोसा न जताते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से केंद्रीय एजेंसियों से जांच कराने की मांग की है.
हजारों हिंदू युवक-युवतियों का आस्था परिवर्तन कराने का आरोप
स्वामी यशवीर महाराज ने सोशल मीडिया पर जारी एक वीडियो में दावा किया कि फुलत मदरसे में पिछले 20- 25 वर्षों से बड़े पैमाने पर आस्था परिवर्तन कराया जा रहा है.उन्होंने आरोप लगाया कि इस बीच हजारों हिंदू युवक-युवतियों का आस्था परिवर्तन कराया गया. उनका दावा है कि आस्था परिवर्तन के बाद कई हिंदू लड़कियों की शादी मुस्लिम युवकों से और हिंदू युवकों की शादी मुस्लिम लड़कियों से कराई गई.
500-600 करोड़ रुपये संपत्ति का दावा
स्वामी यशवीर ने मदरसा संचालकों पर आर्थिक अनियमितताओं के भी आरोप लगाए. उनके अनुसार मदरसा संचालक मौलाना और उनके परिवार के पास 500-600 करोड़ रुपये संपत्ति है, जिसकी जांच हो. उन्होंने उनकी संपत्ति की जांच, नार्को टेस्ट और आस्था परिवर्तन से जुड़े लोगों की भी जांच कराने की मांग की. स्वामी यशवीर ने कहा कि यदि आरोपितों पर कठोर कानूनी कार्रवाई नहीं हुई तो हिंदू समाज मदरसे के बाहर धरना-प्रदर्शन करेगा.
जांच टीमें बनी
मामले की गंभीरता देख मुजफ्फरनगर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) संजय कुमार वर्मा ने जांच को एक संयुक्त टीम गठित की है. उन्होने बताया कि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो और उसमें आरोपों का संज्ञान ले पुलिस अधीक्षक ग्रामीण (SPRA) के नेतृत्व में टीम बनाई है. टीम में लोकल इंटेलिजेंस यूनिट (LIU), इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB), अन्य गुप्तचर एजेंसियों के साथ पुलिस क्षेत्राधिकारी बुढ़ाना भी हैं.
संजय कुमार वर्मा ने कहा कि संयुक्त टीम मामले की निष्पक्ष जांच करेगी. जांच में जो भी तथ्य आएंगे, उनके आधार पर विधिसम्मत कठोर कार्रवाई होगी. उन्होंने कहा कि फिलहाल पुलिस आरोपों की सत्यता जांच रही है और किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी पक्षों की पड़ताल होगी.
मामला जिले में चर्चित है. फिलहाल पुलिस प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न दे जांच पूरी होने तक संयम रखने की अपील की है. प्रशासन के अनुसार जांच रिपोर्ट से ही यह स्पष्ट होगा कि आरोपों में कितनी सच्चाई है और आगे क्या कार्रवाई की जाए.
आस्था परिवर्तन आरोपों से चर्चित फुलत मदरसा दारुल उलूम रहीमिया संचालकों पर योग आश्रम बघरा संचालक स्वामी यशवीर महाराज ने पांच लोगों के नाम और फोटो की सूची जारी करते हुए दावा किया कि 10 साल से मदरसे में आस्था परिवर्तन हो रहा है। पुलिस और एलआईयू की टीम ने मदरसे में पहुंचकर जांच की है।
शुक्रवार को स्वामी यशवीर महाराज ने दो लड़कियों समेत पांच लोगों की सूची जारी कर वीडियो बयान भी जारी किया है कि मदरसे में दस सालों से हिंदूओं को रोजगार व अन्य लालच देकर ब्रेनवॉश कर आस्था परिवर्तन कराया जा रहा है। मदरसा संचालक मौलाना हिफजुर्रहमान अंसारी और उसका पुत्र मौलाना जुबेर अंसारी इसमे लिप्त हैं।
मदरसे का बड़ा हिस्सा सरकारी जमीन पर है। जमीन से अतिक्रमण हटवाने को दो माह पहले आदेश हुए लेकिन अभी आदेश का पालन नहीं हुआ।
आरोपितों की कई जिलों में संपत्तियां हैं। आरोपितों को फंडिंग आशंकित है। इसलिए उनकी आय स्रोतों व संपत्ति की जांच होनी चाहिए। आस्था परिवर्तन कराने की रिपोर्ट होनी चाहिए। अन्यथा मदरसे का घेराव होगा। दोपहर थाना रतनपुरी पुलिस और एलआईयू टीम ने पहुंच कर जांच पड़ताल की है। देर रात तक टीम जांच में जुटी है।
—
तीन में से दो घरों पर लटके ताले, एक के घर मिले बच्चे
स्वामी यशवीर महाराज ने तीन हिंदूओं के नाम बता उनका आस्था परिवर्तन कराने का दावा किया तो पुलिस ने गांव फुलत पहुंच जांच की। तीनों गांव में ही रहते हैं। तलाशने पर दो के घरों पर ताले लटके मिले जबकि एक विक्रम उर्फ अकरम के घर उसकी दो पुत्रियां मिलीं। उन्होंने बताया कि उनके माता-पिता गांव अगवानपुर ननिहाल गए हैं। वह पंजाब निवासी व्यक्ति किसी किसान के खेत पर रखवाली करता है। इससे गांव में कम आता है। रहमान गाड़ी चालक बताया गया। जबकि अकरम फुलत मदरसा फैजुल इस्लाम में पढ़ाता है।
—-
1946 से है मदरसा
मदरसे के लोगों ने टीम को बताया कि मदरसा 1946 से संचालित है। 1100 गज जमीन का मामला एडीएम कोर्ट में है। टीम ने मदरसे के कागजात भी देखे। मदरसे को 2010 से कक्षा पांच की मान्यता मदरसा बोर्ड से है। 310 बच्चे व 21 महिला-पुरुष शिक्षक हैं।
——–
इनके आस्था परिवर्तन का आरोप
स्वामी यशवीर महाराज का आरोप है कि भैंसी के जुगनू शर्मा का नाम बदलकर अब्दुल रहमान किया गया है। मेरठ के काशी को अकरम बनाया गया। पंजाब के युवक को शरीफ बनाया। वाल्मिकी बिटिया मुस्कान का आस्था परिवर्तन करा फुलत निवासी नदीम और पिंकी का आस्था परिवर्तन करा उसका निकाह फुलत निवासी फुरकान से कराया गया।
——
धर्मांतरण के आरोप निराधार : खुर्शीद
मदरसा संचालन में सहयोगी संचालक के भाई खुर्शीद के अनुसार आरोप निराधार है। शिक्षा के क्षेत्र में काम हो रहा है। जांच में दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा।
खतौली के गांव फुलत में अब्दुल रहमान के घर के बाहर ग्रामीणों से जानकारी करती पुलिस।
खतौली के गांव फुलत में अब्दुल रहमान के घर के बाहर ग्रामीणों से जानकारी करती पुलिस।
#मदरसों की आड़ में चलाये जा रहे हैं #धर्मान्तरण अड्डे.
दारुल उलूम रहीमिया फुलत मदरसे में कई हिन्दुओं का धर्मान्तरण
जनपद मुजफ्फरनगर के तहसील खतौली के गांव फुलत में स्थित दारुल उलूम रहीमिया मदरसे में पिछले 10 वर्ष से लगातार हिन्दुओं का धर्मान्तरण किया जा रहा है । मैं कुछ नाम उत्तर प्रदेश सरकार के सामने रख रहा हूं जिनका पिछले 10 वर्ष के अन्दर इस्लाम मजहब में धर्मान्तरण किया गया है
1. #जुगनू शर्मा पुत्र #मोहन शर्मा गांव भैसी जनपद मुजफ्फरनगर जिनका धर्मान्तरण के बाद #अब्दुल रहमान नाम रख दिया गया है। ये जुगनू शर्मा मदरसा संचालक #मौलाना #हिफजुर्रहमान के संपर्क में आया। नौकरी पर रखा और इस ब्राह्मण समाज के लडके को इस मदरसा संचालक जेहादी मौलवी द्वारा मुसलमान बनाकर फुलत में रख लिया।
2. #विक्रम पुत्र #तिलकराम गांव काशी मेरठ का रहने वाला है। इसका भी धर्मान्तरण के बाद #अकरम नाम रखा गया।
3. एक हिन्दू पंजाब से है धर्मान्तरण के बाद #शरीफ नाम रखा गया है।
4. #बाल्मीकि समाज की लडकी #मुस्कान का धर्मान्तरण कराके इसका #निकाह #नदीम पुत्र #हाशिम काजी फुलत निवासी के साथ कर दिया गया।
5. हिन्दू लडकी #पिंकी का धर्मान्तरण कराने के बाद इसका निकाह #फुरकान पुत्र #सोनी नीलधर फुलत के साथ कराया गया ये तो चंद नाम हम मीडिया के सामने रख रहे है…
फुलत के इस दारुल रहीमिया मदरसे द्वारा बडी संख्या में गरीब #हिंदुओं को लालच देकर माइंडवाश करके धर्मान्तरित किया जा रहा है। पता नहीं कितनी #हिन्दू #लडकियों का इस #मदरसे में #धर्मान्तरण कराके #मुस्लिमों के साथ #निकाह कराया गया है। इस मदरसे में जो धर्मांतरण का रैकेट चल रहा है इसका सरगना दारुल उलूम रहिमिया का संचालक #मौलाना #हिफजुर्रहमान अंसारी और इसका पुत्र #मौलाना #जुबेर अंसारी है…
मौलाना जुबेर अंसारी धर्मांतरण का बडा खिलाड़ी है। मेरा उत्तर प्रदेश सरकार के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से आग्रह है आप इस विषय को अपने संज्ञान में लेकर ईमानदार निर्भीक अधिकारी से उच्च स्तर की जांच कराये…
क्योंकि जुबेर अंसारी की अरबों की संपत्ति कई जिलों में फैली हुई है। जुबेर अंसारी की संपूर्ण संपत्ति की जांच हो। इसने इतनी संपत्ति कहां से जुटाई इसको फंडिंग कहां से हो रही है। अभी हम जुबेर अंसारी का पूरा चिट्ठा मीडिया के सामने नहीं खोल रहे हैं। इस इस दारूल उलूम रहिमिया मदरसे में सरकारी जमीन का एक हिस्सा भी कब्जा रखा है जिसकी जांच हुई जांच में ये साबित हुआ मदरसे द्वारा सरकारी जमीन कब्जा रखी है।
लेकिन अभी तक अधिकारी उसे मुक्त नहीं करा पाये। ये दारूल उलूम रहिमिया हिन्दुओं के धर्मान्तरण का बडा सैन्टर बन गया है। इसलिए उत्तर प्रदेश सरकार से अनुरोध है कि इस मदरसे को हमेशा के लिए सील किया जाये और हिन्दुओ के धर्मान्तरण का रैकेट चलाने दोनों जेहादी मौलानाओं पर मुकदमा दर्ज हो और जेल भेजे जायें। इनकी संपत्ति की जांच हो । इनको इतनी फंडिंग कहां से हो रही है, जांच का विषय है । यदि इन दोनों मौलानाओं और मदरसे पर कार्यवाई नहीं होती है तो हम इस मदरसे के खिलाफ राज्यव्यापी बडे निर्णायक आन्दोलन की घोषणा करेंगें और फुलत के इस मदरसे का ऐतिहासिक घेराव करके धरना रखा जायेगा। इसलिए बहुत गंभीर विषय है । निष्पक्ष ईमानदार निडर अधिकारी ही जांच में लगाये जायें और मेरा हिंदुओं से भी कहना है , इस बार इस मदरसे के खिलाफ निर्णायक लड़ाई लड़ी जाएगी। इसके आप तैयार रहें। आप सभी हिन्दू वीर – वीरांगना इस निर्णायक लडाई का निडर होकर इसका हिस्सा बने और मजबूती से आवाज उठाये। अधिक से अधिक शेयर करें।
स्वामी यशवीर महाराज
पीठाधीश्वर
योग साधना यशवीर आश्रम बघरा मुजफ्फरनगर,फेसबुक पर
