उत्तराखंड SIR अंतिम सूची: कटे 9.31 लाख नामों में पात्र मतदाता जोडने को लगेंगे विशेष शिविर

उत्तराखंड SIR फाइनल लिस्ट, काटे गए 9.31 लाख नामों के लिए लगेंगे स्पेशल कैंप, पात्र वोटर्स को किया जाएगा शामिल

उत्तराखंड SIR की फाइनल लिस्ट से छूटे हुए योग्य वोटरों के नाम जोड़ने के लिए स्पेशल कैंप लगाए जाएंगे.
Uttarakhand SIR
काटे गए 9.31 लाख नामों के लिए लगेंगे स्पेशल कैंप
देहरादून 03 अक्टूबर 2026 : उत्तराखंड में एसआईआर की प्रक्रिया संपन्न हो गई है. ऐसे में मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय ने एसआईआर में अंतिम मतदाता सूची जारी कर दी है. जारी मतदाता सूची के मुताबिक, उत्तराखंड में कुल मतदाताओं की संख्या 71 लाख 58 हजार 949 हो गई है. हालांकि, प्रदेश में एसआईआर अभियान में कुल 9 लाख 31 हजार से ज्यादा मतदाताओं का नाम हटाया गया है. ऐसे में अब पात्र लोगों का नाम मतदाता में शामिल किए जाने को लेकर मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय, विशेष कैंप लगाने जा रहा है. जिस दौरान एब्सेंट, शिफ्टेड, डेड, डुप्लीकेट (एएसडीडी) और इनएलिजिबल श्रेणी में पाए गए पात्र लोगों के नाम को शामिल किया जाएगा.

दरअसल, एएसडीडी और इनएलिजिबल श्रेणी में पाए गए पात्र मतदाताओं के नाम को जोड़ने के लिए निर्वाचन आयोग ने प्रदेश भर में एक महीने के लिए एक स्पेशल कैंप लगाने का निर्णय लिया है. इस संबंध में भारत निर्वाचन आयोग में 29 सितंबर को विशेष कैंप लगाए जाने के निर्देश दिए थे. जिसके तहत उत्तराखंड में 7 अक्टूबर से प्रदेश भर में स्पेशल कैंप लगाए जाएंगे. इस अभियान के दौरान बीएलओ घर-घर जाकर, एएसडीडी श्रेणी के 8 लाख 26 हजार 977 मतदाताओं और इनएलिजिबल श्रेणी में पाए गए 97 हजार 186 मतदाताओं की जानकारी एकत्र करेंगे, इस दौरान जो लोग पात्र हैं, उन लोगों से फॉर्म-6 भरवाया जाएगा. ताकि उनके नाम को मतदाता सूची में शामिल किया जा सके.

काटे गए 9.31 लाख नामों के लिए लगेंगे स्पेशल कैंप
एएसडीडी और इनएलिजिबल श्रेणी में शामिल पात्र लोगों को मतदाता बनाए जाने को लेकर बीएलओ की भूमिका भी तय कर दी गई है. जिसके तहत बीएलओ वर्तमान मतदाता सूची का प्री-एसआईआर से पहले की सूची से मिलान करेंगे, और ऐसे वोटरों को चिन्हित करेंगे जिनका नाम एसआईआर से पहले की मतदाता सूची में शामिल थे. लेकिन वर्तमान सूची में नहीं हैं. ऐसे वोटरों की एक अलग लिस्ट तैयार करेंगे. बीएलओ चिन्हित मतदाताओं के घर-घर जाकर उनकी मौजूदा स्थिति का पता लगाएंगे और जो लोग पात्र पाए जाएंगे, उनका नाम वोटर लिस्ट में शामिल करने के लिए फॉर्म- 6 भरवाने में मदद करेंगे. बीएलओ घर-घर जाने के दौरान इस पर ध्यान देंगे कि जो मतदाता छूट गए हैं, पहली बार मतदान देने वाले हैं या युवा मतदाता हैं, उनके लिए फॉर्म- 6 भरा जाए.

इसके साथ ही, बीएलओ इस सूची को मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंट्स के साथ साझा करेंगे. इस प्रक्रिया के आखिर चरण में ईआरओ बूथवार सूची को राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ भी साझा करेंगे, ताकि उन्हें छूटे हुए मतदाताओं का नाम सूची में शामिल करवाने का एक और मौका मिल सके. मतदाता सूची में नाम शामिल करवाने के लिए आवेदन जमा करने में आसानी हो, इसके लिए बूथ लेवल कैंप भी लगाए जाएंगे. नाइट शेल्टर, लेबर कॉलोनी में रहने वाले लोगों के साथ-साथ बेघर और हाशिए पर रहने वाले लोगों के नाम सूची में शामिल करने के लिए विशेष कैंप भी लगाए जाएंगे.

उत्तराखंड में अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन हो गया है. ऐसे में प्रदेश की जनता भारत निर्वाचन आयोग की वेबसाइट www.voters.eci.gov.in या फिर मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट www.ceo.uk.gov.in पर ऑनलाइन विजिट कर देख सकती है. इसके साथ ही, डीईओ/ईआरओ कार्यालय के साथ ही बीएलओ से भी मतदाता सूची ले सकते हैं. मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन के बाद ऐसे व्यक्ति जो किसी भी वजह से मतदाता सूची में शामिल नहीं हो पाए हैं, वे सभी फॉर्म- 6 भरकर ईसीआई नेट ऐप के जरिए ऑनलाइन या अपने बीएलओ के जरिए ऑफलाइन मोड में भी आवेदन कर सकते हैं.

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उत्तराखंड SIR फाइनल वोटर लिस्ट: 71.58 लाख टोटल वोटर्स, एसआईआर अभियान में 9.31 लाख नाम कटे,ऐसे देखें अपना नाम
उत्तराखंड में SIR के बाद अंतिम मतदाता सूची जारी

भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर उत्तराखंड में 1 जुलाई 2026 की एलिजिबिलिटी तिथि के आधार पर मतदाता सूची (वोटर लिस्ट) का विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision- SIR) अभियान संपन्न हो गया है. उत्तराखंड में 8 जून 2026 से विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान-SIR की शुरुआत हुई थी. जिसके बाद 14 जुलाई 2026 को प्रदेश में ड्राफ्ट मतदाता सूची पब्लिश की गई. ऐसे में दावे आपत्तियों के निस्तारण के बाद आज यानी 3 अक्टूबर 2026 को अंतिम वोटर लिस्ट जारी कर दी गई है. जारी सूची के अनुसार, उत्तराखंड राज्य में वर्तमान समय में कुल मतदाताओं की संख्या 71 लाख 58 हजार 949 हो गई है.

प्रदेश में वोटर लिस्ट का विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान 8 जून 2026 को शुरू होने के दौरान 79 लाख 60 हजार 762 मतदाता थे. गणना फॉर्म बांटने और उसके एकत्र करने के बाद प्रदेश में 14 जुलाई 2026 को ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी की गई, जिसमें 71 लाख 33 हजार 785 मतदाता शामिल रहे.

एसआईआर अभियान में 9.31 लाख नाम कटे

इसके बाद आयोग ने तय तिथि के अनुसार,

  1. 14 जुलाई 2026 से 13 अगस्त 2026 तक वोटर्स को दावे एवं आपत्तियां दर्ज कराने का समय दिया गया.
  2. 13 अगस्त 2026 से 28 सितंबर 2026 तक प्रदेश में दावे एवं आपत्तियों का निस्तारण किया गया.
  3. दावे-आपत्तियों के निस्तारण के बाद 3 अक्टूबर 2026 को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन किया गया.
  4. अंतिम वोटर लिस्ट में 71 लाख 58 हजार 949 मतदाता शामिल हैं.
  5. वर्तमान में प्रदेश में कुल मतदेय स्थलों (पोलिंग स्टेशन) की संख्या 12 हजार 543 है.

अंतिम मतदाता सूची में शामिल 71 लाख 58 हजार 949 मतदाताओं में से,

  1. 34 लाख 21 हजार 36 महिलाएं हैं.
  2. 37 लाख 37 हजार 701 पुरुष,
  3. और 212 थर्ड जेंडर मतदाता शामिल हैं.
  4. प्रदेश में 18-19 उम्र में 72 हजार 656 मतदाता हैं.
  5. 80 वर्ष से अधिक उम्र के 1 लाख 22 हजार 892 मतदाता शामिल हैं.

प्रदेश में SIR अभियान के दावे/आपत्तियों के निस्तारण के बाद मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन में कुल 1 लाख 29 हजार 872 नए मतदाता शामिल किए गए हैं, जबकि 1 लाख 4 हजार 708 मतदाताओं के नाम को हटाया गया है. इसमें फॉर्म 7 के मुताबिक 7 हजार 522 और इन-एलिजिबल कैटेगरी में पाए 97 हजार 108 लोगों के नाम काटे गए हैं.

ऐसे समझें पूरा गणित: प्री-एसआईआर के दौरान 79 लाख 60 हजार 762 मतदाता चिन्हित किए गए थे. जिसके बाद 14 जुलाई को जारी ड्राफ्ट सूची में 71 लाख 33 हजार 785 मतदाता दर्ज किए गए थे. यानी 8 लाख 26 हजार 977 मतदाता एब्सेंट/शिफ्टेड/डेथ/डुप्लीकेट वोटर्स यानी ASDD माने गए. इनमें से कुछ वोटर्स ने आपत्तियां और दावे दर्ज किए, जिसके बाद 25 हजार 164 मतदाताओं को अंतिम सूची में जगह दी गई. यानी 8 लाख 26 हजार 977 मतदाताओं में से 25 हजार 164 मतदाताओं को जगह मिली.

फॉर्म 6 और 7 के आवेदन: एसआईआर के दौरान निर्वाचन आयोग को फॉर्म- 6 (न्यू वोटर्स) में 1 लाख 46 हजार 511 आवेदन प्राप्त हुए थे, जिसमें से 1 लाख 29 हजार 872 आवेदन को स्वीकार किया गया, जबकि 16 हजार 639 आवेदन निरस्त किया गया. इसी तरह कुल 96 हजार 704 आवेदन फॉर्म- 7 (मतदाता सूची से किसी का नाम हटवाने या किसी नाम पर आपत्ति दर्ज करने के लिए) के जरिए प्राप्त हुआ, जिसमें से 89 हजार 182 आवेदन को निरस्त किया गया. जबकि 7 हजार 522 आवेदन को स्वीकार किया गया. यानी 7 हजार 522 मतदाताओं का नाम काटा गया है. इसके अलावा, जिन 24 लाख मतदाताओं को त्रुटियों पर नोटिस भेजा गया था, उसमें से 97 हजार 186 मतदाताओं को इन एलिजिबल मार्क किया गया है.

यानी 8,26,977 मतदाता ASDD, 7522 मतदाता फॉर्म-7 और 97,186 मतदाता के नाम काटे गए. लेकिन इसमें फॉर्म-6 के 1,29,872 मतदाता नए जोड़े गए हैं. जिसके बाद 3 अक्टूबर को जारी अंतिम मतदाता सूची में 71 लाख 58 हजार 949 मतदाताओं की अंतिम सूची जारी की गई. ऐसे में देखें तो ड्राफ्ट सूची के मुताबिक 1 लाख 4 हजार 708 वोटर्स के नाम काटे गए हैं. जबकि एसआईआर से पहले के आंकड़ों के मुताबिक, 9 लाख 31 हजार 685 मतदाताओं के नाम काटे जा चुके हैं.

अंतिम मतदाता सूची में मतदाताओं की जिलावार स्थिति: उत्तराखंड में टोटल 71,58,949 मतदाता हैं. जिसमें 37,37,701 पुरुष, 34,21,036 महिला और 212 थर्ड जेंडर मतदाता शामिल हैं.

                            ऐसे चेक करें अपना नाम: मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन के बाद भारत निर्वाचन आयोग की वेबसाइट  voters.eci.gov.in या मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट ceo.uk.gov.in पर ऑनलाइन विजिट कर जनता देख सकती है. इसके साथ ही, डिस्ट्रिक्ट इलेक्शन ऑफिसर (DIO), इलेक्टोरल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर (ERO) कार्यालय या बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) से भी सूची प्राप्त की जा सकती है. मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन के बाद ऐसे व्यक्ति जो किसी भी वजह से मतदाता सूची में शामिल नहीं हो सके हैं, वो सभी फॉर्म 6 भरकर ईसीआई नेट ऐप के जरिए ऑनलाइन एवं अपने बीएलओ के जरिए ऑफलाइन मोड में भी आवेदन कर सकते हैं.

 

 

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