अ भा स एसो. प्रांतीय अधिवेशन में बृजेंद्र, राजकमल,अमित समेत 21 वरिष्ठ संपादक सम्मानित
प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया से मान्य संगठन अखिल भारतीय समाचारपत्र एसोसिएशन के प्रांतीय अधिवेशन में 21 वरिष्ठ संपादक सम्मानित
हरिद्वार 01 सितंबर । प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया अधिसूचित अखिल भारतीय समाचारपत्र एसोसिएशन के यहां आयोजित प्रांतीय अधिवेशन, वरिष्ठ संपादक सम्मान समारोह एवं वर्तमान दौर में समाचार पत्रों की भूमिका विषय पर एक दिवसीय गोष्ठी का आयोजन रविवार को प्रेस क्लब सभागार, देवपुरा में किया गया। अधिवेशन में प्रदेश भर से आए दैनिक, साप्ताहिक, पाक्षिक और मासिक समाचार पत्रों के संपादकों ने भाग लिया।
समारोह की अध्यक्षता मिश्री मठ के महामंडलेश्वर परम पूज्य करौली शंकर महाराज ने की। अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में उन्होंने समाचार पत्रों की प्रासंगिकता पर जोर देते हुए कहा कि आज के सोशल मीडिया युग में प्रिंट मीडिया आज भी प्रासंगिक है और उसकी विश्वसनीयता आज भी यथावत है। सोशल मीडिया पर अफवाहों का बाजार गर्म है, लेकिन लोग समाचार पत्रों में छपी खबर को पढ़कर ही उस पर भरोसा करते हैं। अखबार आज भी समाज का दर्पण है। उन्होंने कहा कि पत्रकारिता भी योग और तपस्या है, सत्य को बिना लाग-लपेट लिखना ही सबसे बड़ी साधना है।
मुख्य अतिथि हरिद्वार विधायक एवं उत्तराखंड सरकार में आयुष एवं आपदा प्रबंधन मंत्री मदन कौशिक ने कहा कि पत्रकारिता हमेशा एक चुनौतीपूर्ण व्यवसाय रहा है। पत्रकार सवयं को दांव पर लगा कर खबरे सामने लाते हैं। खोजपूर्ण और परिवर्तनकारी खबरों पर पत्रकारों को डराया-धमकाया भी जाता है, मुकदमे होते हैं, लेकिन फिर भी पत्रकार निर्भय प्रासंगिक समाचार समाज के सामने लाने का हरसंभव प्रयास करते हैं, जो लोकतंत्र के लिए शुभ संकेत है। उन्होंने
कहा कि प्रदेश सरकार पत्रकारों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है और हरिद्वार प्रेस क्लब के नए भवन की मांग जल्द पूरी की जाएगी।
महानिदेशक सूचना एवं लोक संपर्क बंशीधर तिवारी ने कहा कि जमाना बदल गया है और तेजी से बदल रहा है, लेकिन समाचार पत्रों को पढ़ने की आदत आज भी लगातार जारी है। लोग आज भले ही दिन भर सोशल मीडिया पर रहते हों, खबरें शेयर करते हों, लेकिन अगली सुबह उन्हें अखबार का इंतजार रहता ही है। चाय की चुस्की के साथ अखबार पढ़ने का सुख आज भी बरकरार है। इससे पता चलता है कि लोग आज भी अखबारी खबर पर ज्यादा भरोसा करते हैं। उन्होंने कहा कि सूचना विभाग छोटे समाचार पत्रों के हितों की रक्षा के लिए कार्य कर रहा है।
उत्तराखंड राज्य अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण के अध्यक्ष (राज्यमंत्री स्तर) सरदार सुरजीत सिंह गांधी ने अपने विचार रखते हुए कहा कि आज समाचार पत्रों और खबरों का पैटर्न बदल गया है। लोग मसालेदार और चटपटी खबरें पढ़ना ज्यादा पसंद करने लगे हैं, लेकिन अखबार आज भी दूर-दराज के क्षेत्रों में खबरें पहुंचाने और वहां की समस्याओं को सरकार तक पहुंचाने का काम बखूबी कर रहे हैं। समाज में जागरूकता फैलाने की जिम्मेदारी अखबार आज भी निभा रहे हैं। उन्होंने सर्वधर्म समभाव पर जोर दिया।
श्री गंगा सभा अध्यक्ष एवं ग्रामीण स्वास्थ्य सलाहकार अनुश्रवण समिति के उपाध्यक्ष (राज्यमंत्री) नितिन गौतम ने कहा कि

