मत:Tamil Nadu उसी मोड़ पर है, जहां बंगाल कभी 2011 के आसपास था…
चिकन नेक में फंसी अब बांग्लादेश की गर्दन। नए हालात भारत की सुरक्षा की आश्वस्ति देने वाले हुए हैं।
अब धीरे-धीरे समझ आ रहा है कि बंगाल का चुनाव सिर्फ “सरकार बदलने” का चुनाव नहीं था…वो identity shift का election था।
और शायद Tamil Nadu अब उसी मोड़ पर खड़ा है, जहां बंगाल कभी 2011 के आसपास खड़ा था।
पहले बंगाल में narrative था …“भाजपा यहां कभी नहीं आ सकती।”फिर धीरे-धीरे cultural insecurity, border tension, demographic anxiety, vote consolidation”और Hindu identity politics एक साथ जुड़ते गए।
और अचानक लोगों को लगा कि मामला सड़क, बिजली, पानी से आगे निकल चुका है।
यही बात उस discussion में सबसे interesting लगी।
उन्होंने साफ कहा कि बंगाल में BJP को सिर्फ “development vote” नहीं मिला।बहुत जगहों पर लोगों ने उसे “existential vote” की तरह देखा।
मतलब लोग सोचने लगे कि “हमारी cultural identity आखिर बच रही है या नहीं?”
अब यही pattern धीरे-धीरे Tamil Nadu में दिख रहा है… लेकिन अलग रूप में।
वहां लड़ाई हिंदू-मुस्लिम वाली direct नहीं है।वहां लड़ाई है:
Dravidian politics बनाम post-Dravidian politics।
और Vijay उसी vacuum में enter कर गए।
मजेदार बात देखिए…
Congress हर regional leader के साथ वही करती है जो IPL franchise नए खिलाड़ी के साथ करती है।
पहले बोलेंगे …“यही भविष्य है।”
फिर 4 साल बाद दूसरा स्टार खोज लेंगे।
कल Mamata “national alternative” थीं। फिर Nitish Kumar आए। अब Vijay “Gen Z hope” बन गए।
कल कोई और आ जाएगा।
Congress का problem ideology नहीं है…Congress का problem survival है।
और BJP?
BJP Tamil Nadu में अभी हार कर भी long game खेल रही है।
क्योंकि BJP समझ चुकी है कि Tamil Nadu को overnight नहीं जीता जा सकता।
पहले Dravidian monopoly टूटेगी।फिर coalition politics टूटेगी।फिर identity politics नए रूप में आएगी।फिर कहीं जाकर BJP space बनाएगी।
यानी अभी BJP election नहीं… ecosystem खेल रही है।
और honestly बोलूं तो Tamil Nadu की राजनीति अभी Netflix series जैसी लग रही है।
हर episode में नया twist।
ADMK टूटेगी या नहीं?
DMK वापस NDA जाएगी या नहीं?
Congress Vijay का इस्तेमाल करेगी या Vijay Congress का?
Vijay center से लड़ेंगे या practical politics करेंगे?
BJP पीछे से quietly game build करेगी या नहीं?
सब possible है।
लेकिन सबसे important बात discussion में एक और थी।
अगर Vijay smart निकले और center के साथ practical relationship रखे, तो Tamil Nadu अगले 10 साल में India का सबसे powerful industrial state बन सकता है।
लेकिन अगर वही पुराना:North vs South,Hindi vs Tamil,
Center vs State,Freebies vs Economy वाला चक्कर शुरू हुआ…
तो फिर वही होगा जो कई राज्यों में हुआ है …politics जीत जाएगी, jobs हार जाएंगी।
और BJP के लिए भी सबसे बड़ा सवाल यही है।
अगर आपको game बदलना है, तो मैदान में उतरना पड़ेगा।
सिर्फ TV debates और Twitter trends से Tamil Nadu नहीं बदलने वाला।
Annamalai को लेकर जो सवाल उठे, वो गलत भी नहीं हैं।
लोग पूछ रहे हैं …“अगर storm बनना है, तो मैदान में क्यों नहीं उतरे?”
सच कहूं तो South India की राजनीति अब भारत की सबसे interesting political laboratory बन चुकी है।
बंगाल में cultural politics explode हुई।
Tamil Nadu में post-Dravidian politics शुरू हो रही है।
Kerala में Congress खुद CM face पर लड़ रही है।
Telangana और Karnataka अगले प्रयोगशाला बन सकते हैं।
और इस सबके बीच Congress, BJP, regional parties, film stars, caste equations, industry, language politics …सब एक साथ mix हो गए हैं।
मतलब भारतीय राजनीति अब simple नहीं रही।
अब हर राज्य अपनी अलग civilization story, identity anxiety और power game लेकर चल रहा है।
और शायद यही वजह है कि आने वाले 5-10 साल भारत की राजनीति के सबसे unpredictable साल होने वाले हैं।
(साभार पोस्ट Manish Kumar जी की)
