AtoZ: TCS कार्पोरेट जिहादी निदा और
काम की जगह मेंटल टॉर्चर, 20-25 साल की उम्र की लड़कियां निशाने पर; TCS के ‘धर्मांतरण कांड’ की A टू Z कहानी
Nashik TCS Case: नासिक के TCS में धर्मांतरण और प्रताड़ना का जो कांड सामने आया है, उसने पूरे देश को हिलाकर रख दिया है. अब तक 12 पीड़िताओं की पहचान हो चुकी है और 8 आरोपित के नाम सामने आए हैं.
नासिक टीसीएस के आरोपित निदा खान.
महाराष्ट्र के नासिक में TCS में यौन शोषण और धर्मांतरण के मामले में अब तक 12 पीड़ितों की पहचान हुई हैपुलिस ने अंडरकवर ऑपरेशन कर करीब चालीस दिन तक सबूत जुटाकर सात आरोपियों को गिरफ्तार किया हैआरोपियों में कंपनी के वरिष्ठ और जूनियर कर्मचारी शामिल हैं जिन पर महिला कर्मचारियों को निशाना बनाने का आरोप है
पुणे 18 अप्रैल 2026। महाराष्ट्र के नासिक में टाटा कंसल्टेंसी सर्विस (TCS) में यौन शोषण और धर्मांतरण का मामला सामने आया है. पीड़ितों की संख्या भी बढ़कर 12 पहुंच गई है. इस मामले में TCS में कार्यरत 7 कर्मचारी पकड़े जा चुके है. एक आरोपी निदा खान अभी भी भागी हुई है. उसकी तलाश को दो पुलिस टीमें लगी हैं.
ये पूरा मामला शायद सामने भी नहीं आ पाता, अगर पुलिस अंडरकवर ऑपरेशन नहीं चलाती. अंडरकवर टीम ने 40 दिन तक ऑपरेशन चलाया और उसके बाद इस पूरे सिंडिकेट का भंडाफोड़ किया. इस मामले में 9 FIR दर्ज की जा चुकी हैं.
इस मामले में 8 महिला और 1 पुरुष कर्मचारी ने FIR दर्ज करवाई है. अब तक 12 पीड़ितों की पहचान पुलिस ने की है. क्या है यह पूरा मामला? कैसे हुआ इसका खुलासा? अब तक क्या-क्या हुआ? जानते हैं.
कैसे हुआ भंडाफोड़?
ये सारा खेल फरवरी 2021 से शुरू हुआ था.फरवरी 2026 में पहली पीड़िता ने देओलाली पुलिस थाने में इसकी शिकायत की.
इसके बाद नासिक पुलिस की 7 महिला पुलिसकर्मियों ने TCS में अंडरकवर ऑपरेशन चलाया.इसमें कई कॉन्स्टेबल ने हाउसकीपिंग स्टाफ से जुड़कर सभी फ्लोर और रिस्ट्रिक्टेड एरिया तक अपनी पहुंच बढ़ाई.
साफ-सफाई और मेंटेनेंस का स्टाफ इस टीम ने बिना किसी शक के हफ्तों तक रोजमर्रा के माहौल और सीनियर टीम लीडर्स के व्यवहार पर नजर रखी. अधिकारियों ने विशेषत: निजी बैठकों और एकत्रीकरण पर नजर रखी, ताकि वे दावे पुष्ट किए जा सकें कि कर्मचारियों को कार्यालय समय में मजहबी रिवाज मानने को मजबूर किया जाता था.
टीम ने रोज अपने सीनियर्स को रिपोर्ट दी और इस बात के सीधे प्रमाण दिए कि कैसे पीड़ितों पर दबाव डाला जा रहा था.
अंडरकवर ऑपरेशन में जुटाए प्रमाणों के आधार पर पुलिस ने 25 मार्च को पहली FIR लिखी. धीरे-धीरे और भी पीड़ित सामने आए. अब तक 9 FIR हो चुकी हैं.
आरोपित कौन-कौन हैं?
दानिश एजाज शेखः आयु 32 साल. कंपनी में एसोसिएट . 2018 से कंपनी में कार्यरत.
तौसिफ बिलाल अत्तरः आयु 27 साल. कंपनी में एसोसिएट. 2017 से कंपनी में कार्यरत.
रजा रफीक मेमनः आयु 35 साल. कंपनी में टीम लीडर . 2017 से कंपनी में.
शाहरुख हुसैन शौकत कुरैशीः आयु 34 साल. कंपनी में एसोसिएट. 2017 से कंपनी में.
मोहम्मद शफी शेखः आयु 36 साल. कंपनी में एसोसिएट . 2017 से कंपनी में.
आसिफ आलम आफताब आलम अंसारीः आयु 22 साल. कंपनी में एसोसिएट . 2024 से कंपनी में.
निदा एजाज खानः आयु 25 साल. कंपनी में एसोसिएट . 2021 से कंपनी में .
अश्विनी अशोक चेनानीः आयु 51 साल. कंपनी में ऑपरेशन हेड और असिस्टेंट जनरल मैनेजर .
ये सब होता कैसे था?
TCS में सीनियर कर्मचारियों का पूरा नेक्सस था, जो नई हिंदू लड़कियों को निशाना बनाता था. एक महिला कर्मचारी ने बताया कि 20-25 साल की लड़कियों को निशाना बनाया जा रहा था. उन्होंने बताया कि नासिक ट्रांसफर के बाद उनसे दफ्तर में अमानवीय व्यवहार किया गया.
महिला कर्मचारी ने बताया कि उन्हें दफ्तर की मेन बिल्डिंग से अलग छत पर बैठाकर काम कराया जाता. जब भी वह वॉशरूम या किसी काम से नीचे जाती थी तो सुरक्षा या किसी और बहाने से उनका मोबाइल फोन, बैग और सारा निजी सामान रखवा लिया जाता था.
सूत्रों के अनुसार, आरोपितों का तरीका लगभग एक जैसा था. टीम लीडर्स और निदा खान समेत अन्य लोग कुछ कर्मचारियों को निशाना बनाते थे. उसमें गाली-गलौज, जबरन छूना और उनके धर्म को लेकर अपमानजनक बातें शामिल थी. वहीं दूसरी ओर इस्लाम और उससे जुड़ी परंपराओं को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया जाता और पीड़ितों पर उसे अपनाने का दबाव बनाया जाता था.
सूत्रों ने बताया कि आरोपित कर्मचारी कंपनी में देर रात तक रुककर महिला कर्मचारियों पर दबाव बनाते थे। पता चला कि आरोपित महिला कर्मचारियों को काबू रखने और उन पर हावी होने को कई तरह के मनोवैज्ञानिक दबाव वाले हथकंडे अपनाते जाते.कोई भी गतिविधि करने से पहले,आरोपित वॉट्सऐप से अपनी पूरी रणनीति तैयार करते थे.
एक पूर्व कर्मचारी ने बताया कि’सभी आरोपित खास तौर पर बातचीत का तरीका पूरी तरह वल्गर था.लड़कियों को टीएल की डेस्क पर बुलाकर बैठाया जाता था और उनसे ऐसी अश्लील बातें की जाती थीं,जिनकी कल्पना किसी भी प्रोफेशनल या कमर्शियल ऑफिस में नहीं की जा सकती.’
उन्होंने बताया कि कि मुख्यत: तौसीफ अत्तर जानबूझकर हिंदू आस्था टारगेट करता था। त्योहारों पर जब महिला कर्मचारी पारंपरिक भारतीय संस्कृति अनुसार साड़ी पहनकर या बिंदी लगाकर आती थीं,तो तौसीफ उनका सार्वजनिक मजाक उड़ाता था.
जांच में अब तक क्या-क्या हुआ?
इस पूरे मामले की जांच को एसआईटी बनी है. अब तक 7 आरोपित पकड़े जा चुके. आरोपितों के फोन रिकॉर्ड और वॉट्सऐप चैट खंगाली जा रही है. इसके अलावा, कंपनी के CCTV फुटेज जांच भी हो रही है.
पुलिस सिर्फ एक केस तक सीमित नहीं रहना चाहती, बल्कि पूरा नेटवर्क समझने को आरोपितों को दूसरे मामलों में भी फिर से पुलिस कस्टडी में लेने की तैयारी है. सूत्रों के अनुसार, जांच एजेंसियों को संदेह है कि मामला सिर्फ कंपनी में अपराधों तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके पीछे बड़ा नेटवर्क भी हो सकता है.
सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि अब इस केस में आतंकवाद और अंतरराष्ट्रीय फंडिंग के एंगल की भी एंट्री हो गई है. अन्य जांच एजेंसी और महाराष्ट्र ATS पूरे मामले की जांच को मॉनिटर कर रही है. एजेंसियां इस की पड़ताल कर रही हैं कि कहीं आरोपितों के तार ऐसे अंतरराष्ट्रीय संगठनों से तो नहीं जुड़े हैं, जो कट्टरपंथ या ब्रेनवॉशिंग जैसी गतिविधियों में शामिल रहे हैं.
इसके साथ ही पुलिस यह भी देख रही है कि क्या बाकी आरोपित भी निदा खान की तरह भागने की ताक में थे. अगर ऐसा कोई प्रमाण मिलता है, तो केस में और गंभीर धाराएं जोड़ी जा सकती हैं.
आरोपित निदा खान.
कहां है निदा खान?
इस मामले में निदा खान भागी हुई है.निदा खान ने मोहम्मद नवीद इकबाल खान से शादी की थी.उसका पति मुंबई में अमेजन वेब सर्विस (AWS) कर्मचारी है.निदा खान भी मुंबई आ गई थी.पुलिस ने उसके पति को पकड़ लिया था.पति ने बताया कि 14 अप्रैल को उसकी मौसी नूरी शेख उसे नासिक लेकर गई थी.
एसआईटी शुक्रवार को मुंब्रा पहुंची थी,जहां निदा और उसका परिवार रहता था.लेकिन वह वहां नहीं मिली.सूत्रों के अनुसार एक महिला उसे अपने साथ ले गई थी. उसे भी नहीं पता कि निदा कहां है?
निदा खान पर कई सारे आरोप हैं.26 मार्च को नासिक में एक FIR हुई थी.इसमें धोखे से शारीरिक संबंध बनाने और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप लगे हैं.पीड़िता का आरोप है कि दानिश शेख ने जुलाई 2022 से शादी का झूठा वादा करके उससे शारीरिक संबंध बनाए.निदा खान, दानिश शेख भाई-बहन है और दोनों इसमे मिले हैं.
पीड़िता का दावा है कि निदा खान और कुछ लोगों ने मिलकर सनातन के बारे में अपमानजनक टिप्पणियां कर उस पर धर्म बदलने का दबाव बनाया. आरोप है कि निदा खान और तौसीफ अत्तर ने जानबूझकर छिपाया कि दानिश शेख शादीशुदा था.
