दिल्ली,UP,UK को उपहार: मोदी ने किया दिल्ली-दून Eco कॉरिडोर उद्घाटन,
PM Modi Inaugurated Dehradun-Delhi Expressway Economic Corridor
ढाई घंटे में दून से दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेन्द्र भाई मोदी ने किया 212 किलोमीटर लंबे इकोनॉमिक कॉरिडोर का लोकार्पण;तीन राज्यों को उपहार
देहरादून 14 अप्रैल 2026। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज देहरादून-दिल्ली एक्सप्रेस इकोनॉमिक कॉरिडोर का लोकार्पण कर जनता को समर्पित किया। इससे पहले मोदी ने बाबा भीमराव आंबेडकर के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की। मंत्री नितिन गडकरी ने प्रधानमंत्री मोदी को ब्रह्मकमल स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शॉल और नंदा देवी राजजात यात्रा संबंधी स्मृति चिन्ह भेंट किया।
दिल्ली-दून एक्सप्रेस-वे पर बनाए गए एलिवेटेड वाइल्ड लाइफ कॉरिडोर भारतीय वन्य जीव संस्थान ने तीन जोन में बांटा है। इसमे गणेशपुर, मोहंड और आसारोडी देहरादून तक के क्षेत्र को शामिल किया गया है। इसके साथ ही दून से दिल्ली की दूरी मात्र ढाई-तीन घंटे की रह जाएगी।
11,963 करोड़ की लागत से बना 210 किलोमीटर लंबा दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर कई अर्थों में विशेष है। दिसंबर 2021 में एक्सप्रेसवे निर्माण शुरू हुआ। दिल्ली के अक्षरधाम से एक्सप्रेसवे बागपत, शामली, मुजफ्फरनगर, सहारनपुर से होते हुए दून के आशारोड़ी को जोड़ता है। एक्सप्रेसवे पर 100 से ज्यादा अंडरपास, कई फ्लाईओवर, रेलवे ओवरब्रिज और टनल बनाई गई है।
इस अवसर मंच पर केंद्रीय सड़क परिवहन राज्यमंत्री अजय टम्टा, पूर्व मुख्यमंत्री रमेश पोखरियाल निशंक, विजय बहुगुणा, त्रिवेंद्र सिंह रावत, तीरथ सिंह रावत, विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी भूषण, मंत्रीगण मदन कौशिक, सुबोध उनियाल, खजान दास, गणेश जोशी, डॉक्टर धन सिंह रावत, सौरभ बहुगुणा, भरत चौधरी और प्रदीप बतरा मौजूद रहे।

उत्तराखंड के विकास को नई गति देगा एक्सप्रेसवे- नितिन गडकरी
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि आज उत्तराखंड को ऐसा उपहार दिया जा रहा है जो यहां के विकास को नई गति देगा। यहां देहरादून, हरिद्वार और पूरे उत्तराखंड के लिए एक नई राह खुल रही है। 213 किलोमीटर के कॉरिडोर से दिल्ली से देहरादून जाने को दो से सवा दो घंटे लगेंगें। उन्होने कहा कि सहारनपुर बाईपास से हरिद्वार तक के कॉरिडोर का लोकार्पण जून में होगा। 1700 करोड़ का देहरादून का 4 लेन बाइपास और 2300 करोड़ से हरिद्वार में 4 लेन बाईपास का जल्द काम शुरू करेंगें। 800 करोड़ का देहरादून से मसूरी 2 लेन की डीपीआर बन रही है। इसे भी जल्द शुरू करेंगें। 5200 करोड़ से टनकपुर पिथौरागढ़ होकर लिपुलेख मार्ग सालभर में पूरा हो जाएगा। 640 किलोमीटर का ऑल वेदर रोड पूरा हुआ। केदारनाथ में 1300 करोड़ का रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड तक दिसंबर 2026 तक शुरू करेंगे। यमुनोत्री में 2500 करोड़ से धरासू से यमुनोत्री तक का काम 2028 तक पूरा करेंगे। भूस्खलन को हमने योजनाएं तैयार की हैं। 4300 करोड़ से 296 कार्यों को हमने मंजूरी दी है। 5800 करोड़ के 194 कार्यों की तैयारी हो रही है। सोनप्रयाग से केदारनाथ तक 12 किलोमीटर रोपवे का काम शुरू हो चुका। गोविंदघाट से हेमकुंड साहिब का 12.4 किलोमीटर रोपवे बनाया जा रहा है। अनेक जगह सड़क के बजाय टनल बन रहे हैं। इससे पर्यटन प्रोत्साहन होगा। युवाओं को रोजगार मिलेगा।
प्रधानमंत्री मोदी ने उत्तराखंड को कई उपहार दिये
मुख्य मंत्री धामी ने कहा कि जब भी प्रधानमंत्री मोदी आए हैं कोई ना कोई उपहार देकर गये है। प्रधानमंत्री मोदी ने उत्तराखण्ड में पर्यटन को नया विजन दिया है। आज इस कॉरिडोर का उपहार लाए हैं। 2027 के चुनाव में भी हम कमल खिलाएंगे।
12 किमी के वाइल्डलाइफ कॉरिडोर ने बनाया बेहद विशेष
एक्सप्रेसवे पर सबसे विशेष और महत्वपूर्ण शिवालिक की पहाड़ियों मोहंड में बना 12 किलोमीटर लंबा वाइल्डलाइफ कॉरिडोर है, जो एशिया का सबसे लंबा एलिवेटेड कॉरिडोर है। इस कॉरिडोर को ऐसे बनाया गया कि वाहन भी फर्राटा भरेंगें और वन्यजीवों का विचरण भी प्रभावित नहीं होगा, वन्यजीवों को वाहनों की आवाज भी सुनाई नहीं देगी। इसके लिए विधिवत साउंड प्रूफ शीट लगाई गई हैं।
प्रधानमंत्री बनने के बाद 28वीं बार उत्तराखंड आए मोदी
प्रधानमंत्री बनने के बाद मोदी आज 28वीं बार उत्तराखंड पहुंचे। उन्होंने 11,963 करोड़ की लागत से बने 213 किलोमीटर लंबे दून-दिल्ली ऐलिवेटेड एक्सप्रेस-वे का उपहार दिया। इसके अलावा एक हजार मेगावाट क्षमता के देश के पहले वेरिएबल स्पीड पंप स्टोरेज संयंत्र का भी लोकार्पण करेंगे। बता दें कि मोदी, प्रधानमंत्री बनने के बाद पांच बार केदारनाथ आ चुके हैं, साथ ही बदरीनाथ व मुखबा का भी दौरा कर चुके हैं। बीते वर्ष मार्च में उत्तरकाशी जिले में मां गंगा के शीतकालीन प्रवास स्थल मुखबा पहुंचकर प्रधानमंत्री ने शीतकालीन यात्रा का संदेश दिया था।

- क्यों विशेष है एक्सप्रेस-वे
लाभान्वित राज्य – दिल्ली, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड
कुल लंबाई – 213 किलोमीटर
लागत – 11,963 करोड़
12 किलोमीटर लंबा एशिया का सबसे लंबा वाइल्ड लाफ कॉरिडोर
200 मीटर लंबे 2 एलीफेंट अंडरपास, 6 एनिमल पास
370 मीटर लंबी सुरंग डाटकाली के पास
6 लेन का एक्सेस कंट्रोल्ड कॉरिडोर
2 आरओबी, 10 पुल, 7 इंटरचार्ज
2.5 घंटे में होगा दिल्ली का सफर
20 किलोमीटर वन क्षेत्र है एक्सप्रेस वे प्रोजेक्ट में
अनुमानित 19 प्रतिशत ईंधन की बचत
1.95 लाख पेड़ लगे हैं प्रतिपूरक वृक्षारोपण कार्य को
33,840 पेड़ कटान बचा आधुनिक तकनीकी प्रयोग से
मोदी का 29 मिनट भाषण,लोकल कनेक्ट,नंदादेवी, कुंभ का उल्लेख,सड़क,रेल,वायु और जल मार्ग देश की भाग्य रेखायें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का उत्तराखंड प्रवास विशिष्ट रहा है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उत्तराखंड- उत्तर प्रदेश सीमा पर मां डाट काली मंदिर में पूजा अर्चना बाद 12 किलोमीटर तक रोड शो कर आर्मी ग्राउंड पहुंचे. मोदी दोपहर 01.42 बजे, जनसभा ग्राउंड मंच पहुंचे. जहां, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने ब्रह्मकमल और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नंदा देवी राज यात्रा की स्मृति चिन्ह सौंपकर उनका स्वागत किया. केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भाषण दिया.

मोदी ने 28 मिनट दिया भाषण: दोपहर 02.13 बजे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संबोधन शुरू हुआ जो 02.42 बजे तक चला. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 29 मिनट संबोधन में पूरा उत्तराखंड छुआ. संबोधन शुरुआत में ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जनता से माफी मांगी कि वो 1 घंटे से अधिक देरी से जनसभा ग्राउंड पहुंचे हैं. मोदी के सिर पर ब्रह्मकमल टोपी, भाषण में गढ़वाली-कुमाऊंनी के छोटे-छोटे वाक्य और भावनाओं में उत्तराखंड की बेहतर झलक दिखाई दी. अपने भाषण में प्रधानमंत्री मोदी ने लोकल कनेक्ट करते भी दिखे.
गढ़वाली कुमाऊंनी में मोदी: वेशभूषा, भाषा शैली के साथ ही स्थानीय जगहों का नामोल्लेख हो, इसका प्रधानमंत्री ने अपने भाषण में विशेष ध्यान रखा है. यही कारण है कि उनके भाषण में इस बार भी भुला-भुलियों, सयाणा, आमा, बाबा जैसे पहाड़ी बोली-भाषा के शब्द आये. एक्सप्रेसवे निर्माण में मां डाटकाली के आशीर्वाद का प्रधानमंत्री ने विशेष उल्लेख किया। ये भी कि देहरादून पर मां डाटकाली की कृपा है.

नंदा राजजात, हरिद्वार कुंभ उल्लेख: उत्तराखंड से लगे उत्तर प्रदेश में स्थित शाकुंभरी देवी मंदिर का भी उन्होंने स्मरण किया. प्रधानमंत्री ने हरिद्वार कुंभ, नंदा राजजात से लेकर पंच बदरी, पंच केदार, पंच प्रयाग के भी प्रभावपूर्ण उल्लेख से प्रबल लोकल कनेक्ट किया. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उत्तराखंड प्रवास से प्रदेश के नेता उत्साहित दिखे.
सड़कें राष्ट्र की भाग्य रेखाएं: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि हस्तरेखा से लोग अपना भविष्य जानना चाहते हैं, लेकिन सड़क , रेल, वायु और जल मार्ग से भारत देश का भाग्य पूरी दुनिया में उज्जवल होता जा रहा है.
केंद्रीय सड़क परिवहन राज्य मंत्री अजय टम्टा ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड राज्य को सुनहरा अवसर है, जब देश की राजधानी को प्रदेश की राजधानी से जुड़ने का अवसर मिला है. ऐसे में वाइल्डलाइफ सुरक्षित कर उत्तराखंड की जनता को दिल्ली- देहरादून एलिवेटेड एक्सप्रेसवे का उपहार मिला है. उत्तराखंड राज्य में सवा दो लाख करोड़ के अन्य प्रोजेक्ट्स भी संचालित हो रहे हैं. जिसमें ऋषिकेश बाईपास, नैनीताल-अल्मोड़ा-काठगोदाम दो लेन और अल्मोड़ा से बागेश्वर समेत अन्य योजनाएं शामिल है. देवभूमि का नया चित्र बनेगा जिसमें एक जिले से दूसरे जिले की दूरियां कम होगी, सीमा क्षेत्रों में जाने को दूरियां कम होगी. भविष्य में एक अच्छी और बेहतर सड़केें राज्य को मिल रही हैं.
प्रधानमंत्रि मोदी का उत्तराखंड का 28वां दौरा, लेकिन पहला रोड शो; तस्वीरों में देखें झलकियां
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 28वीं बार उत्तराखंड का दौरा किया, इस दौरान उन्होंने देहरादून में अपना पहला 12 किमी का रोड शो भी किया।
दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का उद्घाटन, 11,963 करोड़ की परियोजना
देहरादून में 12 किमी का पहला भव्य रोड शो किया
प्रधानमंत्री बनने के बाद नरेन्द्र मोदी ने 11,963 करोड़ की लागत से बने 213 किमी लंबे दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे जनता को समर्पित किया।
मोदी ने पहली बार राजधानी दून में 12 किलोमीटर का रोड शो किया। उनके आगमन के दौरान राजधानी देहरादून मोदीमय हो गई।
शहर की सड़कों पर जगह-जगह स्कूली बच्चे, जनता और कार्यकर्ता स्वागत को खड़े नजर आए। इस दौरान कलाकारों द्वारा विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गईं। नीचे तस्वीरों में देखें झलकियां:
मोदी ने एलिवेटेड रोड पर कार से उतरकर निरीक्षण किया। यहां से उन्होंने एलिवेटेड कॉरिडोर का व्यू प्वाइंट भी देखा।
रोड शो के बाद मोदी ने गढ़ी कैंट स्थित मैदान से दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का शुभारंभ किया।
इसके बाद उन्होंने जनसभा को संबोधित किया। इस दौरान उनके भाषण में उत्तराखंड के लगाव नजर आया।
मोदी के कार्यक्रम के दौरान शहर भर में चप्पे-चप्पे पर कड़ी सुरक्षा रही और वाहनों का रूट डायवर्ट किया गया।
प्रधानंत्री मोदी की एक झलक को सड़कों पर लोग घंटों उनका इंतजार करते दिखे।
जनसभा स्थल पर भी लोगों की भारी भीड़ जुटी।
बता दें कि नरेन्द्र मोदी, प्रधानमंत्री बनने के बाद पांच बार केदारनाथ धाम आ चुके हैं। वह खुद भी कह चुके हैं कि बाबा केदार में उनकी अगाध आस्था है। यहां ध्यान गुफा में उन्होंने ध्यान भी लगाया था।

